भैरव दत्त धूलिया पुरुस्कार से नवाजे गए राहुल कोटियाल
देहरादून।
उत्तराखंड में जनपक्ष पत्रकारिता करने वाले राहुल कोटियाल को कर्मभूमि के संपादक और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी भैरवदत्त धूलिया स्मृति सम्मान से नवाजा गया है। एक समारोह में देश के जाने माने पत्रकार संपादक भारत भूषण ने राहुल को ये सम्मान दिया।
इस सम्मान में राहुल को कर्मभूमि ट्रस्ट द्वारा एक लाख रूपये की धनराशि,अंग वस्त्र के साथ ही प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। दून लाइब्रेरी एवं शोध केंद्र में आयोजित कार्यक्रम में भैरवदत्त जी के पौत्र हिमांशु,सुधांशु और उनकी माताश्री सुमित्रा धूलिया सहित उनके परिजन उपस्थित थे।
राहुल कोटियाल को इससे पहले भी इंडियन एक्सप्रेस समूह के द्वारा हिंदी पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए 2012 और 216 में भी एक लाख पुरस्कार की नगद धनराशि से सम्मानित किया जा चुका है। राहुल को मुंबई प्रेस क्लब द्वारा नक्सल प्रभावित इलाकों में मानवाधिकारों के रक्षा के लिए उसके योगदान के लिए भी 2018, में सम्मानित किया जा चुका है।
उत्तराखंड में वर्तमान में राहुल कोटियाल बारामासा युटुब चैनल के संपादक हैं, जनपक्ष पत्रकारिता के लिए उनके एक्स्ट्रा कवर साप्ताहिक रिपोर्ट काफ़ी प्रसिद्धि पा चुका है। आज बारामासा चैनल को उत्तराखंड में विश्वसनीय खबरों के लिए जाना जाता है। इस बारामासा की स्क्रिप्ट में पहाड़ी बोली के शब्दों को इस्तेमाल किया जाता है वो दर्शकों को बांध कर रखता है साथ ही ख़बर को बेहत्तर बनाता है।
जनपक्ष की खबरों को कुचलती राज्य की वर्तमान सरकार ने भी राहुल और उसके बारामासा चेन्नल को कुचलने के लिए उसे राष्ट्रद्रोही तक ठहराने का प्रयास तक किया गया,किंतु कोर्ट द्वारा उन्हें आरोपों सेवपूर्णतः गलत ठहराते हुए उनकी पत्रकारिता को समर्थन किया।
राहुल ने अपने संबोधन ने कहा कि आज के युग में यद्यपि सरकार और कार्पोरेट के सहारे पत्रकारिता करना एक कठिन कार्य जरूर है,किंतु जनता का सहयोग हो तो चुनौतियों से भी निबटा जा सकता है।
इस अवसर पर मुख्य वक्ता भारत भूषण ने कहा कि आज का मीडिया सरकार और कार्पोरेट घरानों में कैद हो कर रह गया है,उससे जनपक्ष की उम्मीद करना कठिन है।
कार्यक्रम का संचालन भैरवदत धूलिया जी के पौत्र हिमांशु ने किया। उनके छोटे भाई और उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश सुधांशु धूलिया साहित्यकार लोकेश नवानी,पद्मश्री डॉ माधुरी बड़थ्वाल,सुप्रसिद्ध न्यूरो सर्जन महेश कुड़ियाल,वरिष्ठ पत्रकार रमेश पहाड़ी,जयसिंह, बाटा इंडिया के पूर्व अधिशाषी निदेशक गिरीश चंद्र बहुगुणा,पूर्व सूचना आयुक्त जे पी ममगाईं, इंदेश मैखुरी जयदीप सकलानी डॉ सर्वेश्वरी नौटियाल विपिन उनियाल, सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
राहुल के पिता पूर्व सूचना आयुक्त राजेंद्र प्रसाद कोटियाल,उनकी माता,धर्मपत्नी,सहित अनेक परिजन उपस्थित थे।





