गुलदार प्रभावित पौड़ी को आपदाग्रस्त घोषित करने की मांग
●गुलदार के आतंक से ग्रामीणों में दहशत, पौड़ी मुख्यालय में किया प्रदर्शन●
◆पौड़ी के नजदीकी गांव को आपदा ग्रस्त घोषित करने की ग्रामीणों ने उठाई मांग◆
पौड़ी ।।
मुख्यालय से सटे कमंद गांव में एक ग्रामीण का गुलदार द्वारा शिकार किए जाने और आज शनिवार को भरी दोपहरी में बमठी गांव की दो महिलाओं व एक बच्चे पर गुलदार द्वारा हमला करने की कोशिश से गुस्साए ग्रामीण पौड़ी की सड़कों पर उतरे जबरदस्त नारेबाजी के साथ उन्होंने डीएफओ गढ़वाल के कार्यालय घेरा और जमकर उनके खिलाफ नारेबाजी की जिसके बाद ग्रामीणों का जलसा कलेक्ट्रेट पहुंचा वहां पर भी उन्होंने जबरदस्त नारे बाजी की और क्षेत्र को आपदाग्रस्त घोषित करने की पुरजोर मांग की भारी पुलिस बंदोबस्त के कारण ग्रामीणों को कलेक्ट्रेट परिसर में घुसने से रोका गया उससे भी ग्रामीण आग बबूला हो गए संयुक्त मजिस्ट्रेट दीक्षिता जोशी ने गुस्साए ग्रामीणों के बीच जाकर उन्हें किसी तरह शांत करने की कोशिश की। अभी भी कलेक्ट्रेट परिसर में गुस्साए ग्रामीण जमे हुए हैं। उनकी मांग है कि वन विभाग के मुखिया आंदोलन स्थल पर पहुंचें। ग्रामीण महिलाओं में रोष था। कि प्रशासन की लापरवाही शासन की संवेदनहीनता और वन विभाग की कार्य प्रणाली से ग्रामीणों को अपनी जान गंवानी पड़ रही है। बिजली पानी गैस जैसी मूलभूत समस्याओं के लिए घर से बाहर निकलना दूभर हो गया है। उन्होंने मांग की कि ग्रामीणों को आत्मरक्षा में गुलदार को मारने की इजाजत दी जाए और वन विभाग गुलदार को करने के नाम पर ग्रामीणों को बहकना बंद करे। क्षेत्र को आपदा ग्रस्त घोषित किया जाए।





